March 4, 2026

डॉ. अक्षया जैन को ‘अ‍ॅडव्हांटेज विदर्भ 2026’ में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के हाथों “एस्थेटिक मेडिसिन और कौशल विकास क्षेत्र की लीडर” सम्मान मिला

0
IMG-20260304-WA0012
Spread the love

प्रतिष्ठित ‘अ‍ॅडव्हांटेज विदर्भ 2026’ शिखर परिषद में स्किनटिलेटिंग और क्रोमोकोस्मो इंस्टीट्यूट ऑफ एस्थेटिक्स, ट्राइकोलॉजी एंड न्यूट्रिशन की संस्थापक डॉ.अक्षया जैन को “एस्थेटिक मेडिसिन और कौशल विकास क्षेत्र की लीडर” का मानद किताब प्रदान किया गया. यह पुरस्कार केंद्रीय मंत्री श्री नितिन गडकरी के हाथों प्रदान किया गया और एस्थेटिक मेडिसिन तथा संरचित व्यावसायिक प्रशिक्षण क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान की सराहना की गई.

अ‍ॅडव्हांटेज विदर्भ 2026’ उद्योजकता, नवाचार और विभिन्न क्षेत्रों में नेतृत्व का सम्मान करने वाला एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ.नीति निर्माताओं, उद्योग विशेषज्ञों और मान्यवर अतिथियों की उपस्थिति में डॉ. जैन के कार्य को विशेष रूप से रेखांकित किया गया—जिसमें क्लिनिकल उत्कृष्टता और कौशल विकास, दोनों क्षेत्रों में उनका प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दिया.

कॉस्मेटिक और एस्थेटिक मेडिसिन क्षेत्र में 12 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ डॉ. जैन ने पुणे की एक विश्वसनीय एस्थेटिक कॉस्मेटोलॉजिस्ट के रूप में अपनी पहचान बनाई है.उनके ‘स्किनटिलेटिंग’ क्लिनिक के माध्यम से त्वचा और बालों के उपचारों में उन्नत तकनीक आधारित सेवाएँ प्रदान की जाती हैं. अँटी-एजिंग, स्किन रीजुवेनेशन, हेयर रिस्टोरेशन और विभिन्न एस्थेटिक उपचारों में आधुनिक लेज़र तकनीक का उपयोग किया जाता है. नैसर्गिक परिणामों और नैतिक चिकित्सा पद्धतियों को विशेष प्राथमिकता दी जाती है.

एस्थेटिक्स और वेलनेस क्षेत्र में संरचित शिक्षा की बढ़ती आवश्यकता को पहचानते हुए डॉ. जैन ने क्रोमोकोस्मो इंस्टीट्यूट ऑफ एस्थेटिक्स, ट्राइकोलॉजी एंड न्यूट्रिशन की स्थापना की. ‘स्किल इंडिया’ तथा भारत सरकार के कौशल विकास और उद्योजकता मंत्रालय के अंतर्गत पंजीकृत CIATN एस्थेटिक मेडिसिन, ट्राइकोलॉजी और क्लिनिकल न्यूट्रिशन के क्षेत्रों में प्रमाणित और नियमसंगत शिक्षा प्रदान करने वाले केंद्र के रूप में जाना जाता है.

संस्था के अधिकारियों के अनुसार, CIATN में डॉक्टर और नॉन-डॉक्टर दोनों के लिए पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं. एस्थेटिक्स और वेलनेस क्षेत्र में करियर बनाना चाहने वाले, अतिरिक्त उत्पन्न के स्रोत विकसित करना चाहने वाले या उद्योजक बनना चाहने वाले महिला एवं पुरुष उमेदवारों के लिए ये पाठ्यक्रम खुले हैं. प्रशिक्षण ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से दिया जाता है. प्रत्यक्ष क्लिनिकल सेटअप में पर्यवेक्षण के तहत प्रायोगिक प्रशिक्षण देकर विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभव प्रदान किया जाता है.

पाठ्यक्रम के अनुसार पात्रता के निकष अलग-अलग हैं और किमान शैक्षणिक योग्यता आवश्यक है. प्रवेश प्रक्रिया, पाठ्यक्रम की संरचना और पात्रता से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए इच्छुक उमेदवारों ने संस्था से सीधे संपर्क करने का आवाहन किया गया है.

शैक्षणिक प्रशिक्षण के साथ-साथ CIATN द्वारा इंटर्नशिप, प्लेसमेंट सहायता और व्यवसाय स्थापित करने के लिए मार्गदर्शन भी प्रदान किया जाता है. स्नातकों को एस्थेटिक क्लिनिक, डर्मेटोलॉजी केंद्रों, हेयर रिस्टोरेशन सुविधाओं और वेलनेस क्लिनिक में रोजगार के अवसर मिल सकते हैं या वे अपना स्वतंत्र व्यवसाय शुरू कर सकते हैं.
उद्योग निरीक्षकों के अनुसार, सरकारी मानकों के अनुरूप संरचित कौशल प्रशिक्षण रोजगार क्षमता और व्यावसायिक विश्वसनीयता में उल्लेखनीय वृद्धि करता है, विशेषकर एस्थेटिक मेडिसिन जैसे उभरते क्षेत्रों में. CIATN जैसी संस्थाएं भारत में स्वास्थ्य और वेलनेस क्षेत्र में नियमबद्ध और कौशल-आधारित शिक्षा के बढ़ते प्रवाह का प्रतीक हैं

एडवांटेज विदर्भ 2026’ में “एस्थेटिक मेडिसिन और कौशल विकास क्षेत्र की लीडर” पुरस्कार प्राप्त होना डॉ. जैन के व्यावसायिक सफर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हुआ है. यह सम्मान उनके क्लिनिकल कौशल के साथ-साथ कुशल व्यावसायिक तैयार करने और एस्थेटिक्स उद्योग के मानकों को ऊंचा उठाने की उनकी प्रतिबद्धता को भी रेखांकित करता है.
CIATN की आगामी बॅचेस के लिए प्रवेश प्रक्रिया फिलहाल जारी है और चुनिंदा पाठ्यक्रमों के लिए सीमित अवधि हेतु विशेष लाभ घोषित किए गए हैं. एस्थेटिक मेडिसिन और वेलनेस क्षेत्र में करियर बनाना चाहने वालों के लिए इसे एक सुनहरा अवसर बताया गया है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

महत्त्वाच्या बातम्या

🔔 अपडेटसाठी सबस्क्राइब करा 👥 1201 Subscribers
×

सबस्क्राइब करा

दररोजच्या ताज्या बातम्यांसाठी